Kerala Name Change: अब केरल नहीं 'केरलम्' कहिए, जानिए केंद्र सरकार क्यों बदल रही नाम?

Kerala Name Change: अब केरल नहीं 'केरलम्' कहिए, जानिए केंद्र सरकार क्यों बदल रही नाम?
राष्ट्रीय
25 Feb 2026, 02:03 pm
रिपोर्टर : Jyoti Sharma

Kerala Turns to Keralam: केरल की पहचान और भाषा से जुड़े लंबे समय से लंबित प्रस्ताव को आखिरकार केंद्र सरकार ने हरी झंडी दे दी है। केंद्रीय कैबिनेट ने केरल का आधिकारिक नाम 'केरलम्' करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। ये फैसला ऐसे समय आया है जब राज्य में विधानसभा चुनाव नजदीक हैं और पहचान-भाषा का मुद्दा राजनीतिक बहस के केंद्र में है।

राज्य विधानसभा पहले कर चुकी थी प्रस्ताव पारित

केरल विधानसभा ने सर्वसम्मति से नाम बदलकर “केरलम्” करने का प्रस्ताव पारित किया था। अब केंद्र की मंजूरी के बाद प्रक्रिया अंतिम चरण की ओर बढ़ गई है। मलयालम भाषी समुदाय लंबे समय से राज्य को इसी नाम से संबोधित करता रहा है। इसी वजह से इसका नाम बदला जा रहा है।

केरलम् का अर्थ क्या है?

“केरलम्” शब्द दो हिस्सों से मिलकर बना है—केरा यानी नारियल और अलम यानी जमीन। इस तरह इसका मतलब हुआ- नारियल के पेड़ों की भूमि। ये नाम राज्य की प्रकृति और पहचान से गहराई से जुड़ा है। भारत के कुल नारियल उत्पादन का लगभग 45% अकेले केरल में होता है, इसलिए ये नाम राज्य की असली पहचान को दिखाता है।

‘केरलम्’ नाम का ऐतिहासिक सफर

केरल का आज का स्वरूप बनने की यात्रा दिलचस्प है—

1949: त्रावणकोर और कोचीन रियासतों के विलय से ‘त्रावणकोर-कोचीन राज्य’ का गठन।

1 नवंबर 1956: आधिकारिक नाम रखा गया ‘केरल’।

इसके बावजूद मलयालम में ‘केरलम्’ शब्द का इस्तेमाल सदियों से चलता आ रहा है।

आगे क्या होगी प्रक्रिया?

केंद्रीय मंजूरी के बाद ये प्रस्ताव राष्ट्रपति के पास भेजा जाएगा। संविधान के अनुच्छेद 3 के तहत राष्ट्रपति इसे राज्य विधानसभा की राय के लिए वापस भेजेंगी। विधानसभा से सहमति मिलने पर सरकार इसे संसद में रखेगी और राष्ट्रपति की स्वीकृति के बाद “केरलम्” नाम आधिकारिक रूप से लागू हो जाएगा। वहीं सियासी जानकारों का मानना है कि चुनाव से ठीक पहले इस फैसले का राजनीतिक महत्व भी हो सकता है, क्योंकि पहचान और भाषा आधारित मुद्दे चुनावी माहौल को प्रभावित करते हैं।

पहले भी इन राज्यों-शहरों के बदले जा चुके हैं नाम

भारत में कई जगहों की पहचान समय के साथ बदली गई है इनमें-

उड़ीसा → ओडिशा (ओड़िया भाषा में यही इसका सही उच्चारण है)

बॉम्बे → मुंबई (‘मुंबा देवी’ के नाम पर रखा गया)

मद्रास → चेन्नई (ऐतिहासिक तमिल नाम ‘चेनापट्टम’ से लिया गया)

कलकत्ता → कोलकाता (बंगाली उच्चारण के चलते रखा गया)

पांडिचेरी → पुडुचेरी (तमिल भाषा से लिया गया)

बैंगलोर → बेंगलूरु (कन्नड़ उच्चारण के चलते लिया गया)


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